वृंदावन। वृंदावन में मांस-मदिरा पर पूर्ण प्रतिबंध की मांग को लेकर एक बृजवासी के अनशन पर बैठने के बाद यह मुद्दा चर्चा का विषय बन गया है। इस बीच प्रसिद्ध कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय ने अनशनकारी से मुलाकात कर उनकी मांगों का समर्थन करते हुए अनशन समाप्त करने की अपील की।
इंद्रेश उपाध्याय ने कहा कि अनशनकारी की वेदना केवल उनकी व्यक्तिगत पीड़ा नहीं, बल्कि पूरे ब्रजधाम की भावना है। उन्होंने बताया कि इससे पहले भी जब वह अनशन पर बैठे थे, तब उनकी बातचीत बागेश्वर धाम सरकार और देवकीनंदन ठाकुर जी महाराज से कराई गई थी, ताकि इस विषय का समाधान निकाला जा सके।
मांस-मदिरा के साथ नशे पर भी प्रतिबंध की मांग
कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय ने कहा कि वृंदावन में केवल मांस और मदिरा ही नहीं, बल्कि गुटखा, तंबाकू, बीड़ी और सिगरेट जैसे सभी प्रकार के नशे पर भी पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि ब्रजधाम की पवित्रता और धार्मिक गरिमा को बनाए रखने के लिए यह आवश्यक है।
अपना अनुभव साझा करते हुए उन्होंने बताया कि गिरिराज जी की दंडवत परिक्रमा के दौरान परिक्रमा मार्ग में जगह-जगह फैली गुटखा और तंबाकू की गंदगी से श्रद्धालुओं को परेशानी होती है तथा उनके कपड़े तक खराब हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि ब्रज की पावन भूमि पर किसी भी प्रकार के नशे को बढ़ावा नहीं मिलना चाहिए।
हालांकि, उन्होंने अनशनकारी से स्वास्थ्य का ध्यान रखते हुए अनशन समाप्त करने की भी अपील की और कहा कि इस विषय पर संवाद और सकारात्मक प्रयासों के माध्यम से समाधान निकाला जाना चाहिए।
