उज्जैन। मध्यप्रदेश के उज्जैन शहर के पीपली नाका क्षेत्र में मंगलवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। यहां सड़क किनारे बने एक खुले चैंबर में तीन लोग गिर गए, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, नगर निगम और रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची तथा तत्काल राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया गया। कड़ी मशक्कत के बाद तीनों लोगों को चैंबर से बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उपचार के दौरान एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि दो अन्य घायलों का इलाज जारी है।
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस और रेस्क्यू टीम
घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस, नगर निगम की टीम और बचाव दल तत्काल पीपली नाका पहुंचे। चैंबर की गहराई और सीमित जगह के कारण रेस्क्यू अभियान काफी चुनौतीपूर्ण रहा। सुरक्षा उपकरणों और विशेष तकनीक की मदद से टीम ने एक-एक कर तीनों लोगों को बाहर निकाला।
पुलिस अधीक्षक ने संभाली कमान
हादसे की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा स्वयं घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने राहत एवं बचाव कार्य की निगरानी की और मौके पर मौजूद अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए, ताकि घायलों को जल्द से जल्द सुरक्षित बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया जा सके।
अस्पताल में एक की मौत
रेस्क्यू के बाद तीनों घायलों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया। चिकित्सकों ने सभी का उपचार शुरू किया, लेकिन गंभीर रूप से घायल एक व्यक्ति की इलाज के दौरान मौत हो गई। वहीं, दो अन्य घायलों की हालत पर डॉक्टर लगातार निगरानी रखे हुए हैं और उनका उपचार जारी है।
हादसे के कारणों की जांच शुरू
घटना के बाद पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक स्तर पर यह पता लगाया जा रहा है कि चैंबर खुला क्यों था और सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम क्यों नहीं किए गए थे। यदि जांच में किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित जिम्मेदार अधिकारियों या एजेंसी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
खुले चैंबरों की सुरक्षा पर उठे सवाल
इस हादसे के बाद शहर में खुले चैंबरों और सीवर लाइन की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते चैंबर को सुरक्षित ढंग से ढका गया होता या उसके आसपास चेतावनी संकेत लगाए गए होते, तो इस तरह की घटना टाली जा सकती थी।फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है, जबकि मृतक की पहचान और हादसे की परिस्थितियों को लेकर विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है।
