मंगलवार को पर्यटन नगरी खजुराहो उस वक्त अखाड़े में तब्दील हो गई जब एक रेस्टोरेंट के भीतर से संदिग्ध गतिविधियों की खबर सामने आई। बजरंग दल के कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों को सूचना मिली थी कि रेस्टोरेंट संचालक मोहम्मद शकील एक हिंदू नाबालिग लड़की के साथ बंद कमरे में मौजूद है। खबर आग की तरह फैली और भारी संख्या में लोग मौके पर पहुँच गए। जब कमरे की तलाशी ली गई, तो नजारा देख हर कोई दंग रह गया। सूत्रों के मुताबिक, शकील ने भीड़ को देख लड़की को कमरे के भीतर रखी एक ‘गोदरेज की अलमारी’ में छिपा दिया था, जिसे लोगों ने कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला।
स्थानीय समाजसेवी शिवाकांत अवस्थी ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि उन्हें लंबे समय से सूचना मिल रही थी कि आरोपी मोहम्मद शकील मासूम और नाबालिग लड़कियों को अपने जाल में फंसाकर उन्हें ब्लैकमेल करता है। जैसे ही लोगों ने उसे पकड़ा, आरोपी ने भागने की कोशिश की, लेकिन भीड़ ने उसे धर दबोचा। गुस्साए लोगों ने आरोपी के कपड़े उतार दिए और उसे अर्धनग्न अवस्था में ही पैदल मार्च कराते हुए खजुराहो थाने तक ले गए। इस दौरान सड़क पर भारी हंगामा और नारेबाजी होती रही, जिससे पूरे बाजार में तनाव का माहौल बन गया।
अलमारी से निकली नाबालिग, महिला थाने में बयान
कमरे की अलमारी से बरामद हुई नाबालिग लड़की को पुलिस ने अपनी सुरक्षा में ले लिया है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए लड़की को तुरंत महिला थाना भेजा गया, जहाँ महिला पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में उसके बयान दर्ज किए जा रहे हैं। प्राथमिक जांच में यह अंदेशा जताया जा रहा है कि आरोपी लड़कियों की कुछ आपत्तिजनक तस्वीरें या वीडियो बनाकर उन्हें डराता-धमकाता था और इसी आधार पर उनका शोषण कर रहा था।
नाबालिगों को जाल में फंसाने का आरोप, जांच तेज
आरोपी मोहम्मद शकील पर आरोप है कि वह जानबूझकर हिंदू नाबालिग लड़कियों को टारगेट करता था। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि आरोपी के मोबाइल और रेस्टोरेंट में क्या कोई और भी ऐसे साक्ष्य हैं जो किसी बड़े रैकेट की ओर इशारा करते हों। खजुराहो पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है और मामले की गंभीरता को देखते हुए क्षेत्र में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। शिवाकांत अवस्थी और हिंदू संगठनों ने आरोपी के खिलाफ कड़ी से कड़ी धाराओं में मामला दर्ज कर कड़ी सजा की मांग की है।
